
The Dindoshi Sessions Court granted anticipatory bail to Assistant Police Inspector Devendra Kate in a case registered by Amboli Police. The case alleges sexual relations on a false promise of marriage, forced…
डिंडोशी सत्र न्यायालय ने अंबोली पुलिस द्वारा दर्ज मामले में सहायक पुलिस निरीक्षक देवेंद्र काटे को अग्रिम जमानत दे दी है। इस मामले में शादी का झांसा देकर यौन संबंध बनाने, गर्भपात के लिए मजबूर करने और आपराधिक धमकी देने के आरोप लगाए गए हैं।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश नीता एस. अनेकर ने 50,000 रुपये के निजी मुचलके और एक या दो जमानतदारों पर यह राहत दी। अदालत ने टिप्पणी की कि शिकायतकर्ता एक शिक्षित और सामाजिक रूप से सक्रिय महिला है, जो कथित तौर पर पहली बार गर्भपात के बाद भी संबंध में बनी रही, जिससे प्रथम दृष्टया यह सहमति का मामला लगता है। शादी का वादा शुरू से ही झूठा था या नहीं, यह सुनवाई के दौरान तय होगा। काटे ने आरोपों को खारिज करते हुए संबंधों को आपसी सहमति वाला बताया है। उन्हें जांच में सहयोग करने और शिकायतकर्ता से संपर्क न करने का निर्देश दिया गया है।
यह मामला एक पुलिस अधिकारी के बयान और महिला के आरोपों के बीच का है। अदालत की यह टिप्पणी कि संबंध आपसी सहमति वाले थे, शिकायतकर्ता के दोबारा जुड़ने पर आधारित है, लेकिन यह तर्क वर्दीधारी व्यक्ति द्वारा किए गए दबाव को नजरअंदाज कर सकता है। सुनवाई के दौरान यह साबित होना बाकी है कि क्या शादी का वादा शुरू से ही धोखा था। मुख्य बात यह है कि क्या काटे आदेशानुसार शिकायतकर्ता से दूर रह पाते हैं और क्या अभियोजन पक्ष इसे मनगढ़ंत साबित कर पाता है। इसका फैसला सोशल मीडिया पर नहीं बल्कि निष्पक्ष मुकदमे में होगा।
स्रोत: timesofindia.indiatimes.com
यह खबर ऊपर दिए गए स्रोत से एआई द्वारा तैयार की गई है।