
Member of Parliament Chowdhary Mohammad Ramzan met Defence Minister Rajnath Singh in New Delhi on August 14 and sought restoration of statehood and constitutional rights for Jammu and Kashmir. He also raised…
सांसद चौधरी मोहम्मद रामज़ान ने 14 अगस्त को नई दिल्ली में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात कर जम्मू कश्मीर के लिए राज्य का दर्जा और संवैधानिक अधिकारों की बहाली की मांग की। उन्होंने रणनीतिक संपर्क सीमा पर रोजगार पर्यटन और विकास से जुड़े मुद्दों को भी उठाया।
रामज़ान ने रज़दान दर्रा सुरंग सहित 120 किलोमीटर लंबी सुंबल बांदीपोरा गुरेज़ सड़क के शीघ्र निर्माण और इसे रणनीतिक राष्ट्रीय राजमार्ग का दर्जा देने की मांग की। उन्होंने तंगधार में स्थानीय पोर्टर की नौकरियों को 400 से बढ़ाकर 1,000 करने के साथ ही सीमावर्ती युवाओं के लिए सेना और बीएसएफ में भर्ती का प्रस्ताव रखा। उन्होंने रक्षा श्रम खरीद जारी रखने ड्रांगयारी से साधना टॉप होते हुए निचान तक केबल कार और कुपवाड़ा तथा पुंछ में सड़कों के उन्नयन की भी मांग की। सिंह ने उन्हें आश्वासन दिया कि इन मुद्दों पर उचित विचार किया जाएगा।
यह मानना आसान है कि एक मुलाकात से राज्य का दर्जा नौकरियां या नई सड़कें मिल गई हैं। ऐसा नहीं हुआ है। रामज़ान ने मांगें रखीं जबकि रक्षा मंत्री ने विचार करने का भरोसा दिया न कि कोई समय सीमा या मंजूरी तय की। सीमा पर बेहतर कनेक्टिविटी का मामला व्यावहारिक है खासकर वहां जहां सर्दियों में रास्ते बंद होने से निवासियों और सुरक्षा आवाजाही पर असर पड़ता है। असली परीक्षा यह है कि क्या रज़दान दर्रा सुरंग पोर्टर विस्तार और सड़क प्रस्तावों को लिखित मंजूरी फंडिंग और समय सीमा मिलती है।
स्रोत: greaterkashmir.com
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