
चीन के हुबेई ईस्ट लेक लेबोरेटरी में एक प्रयोगात्मक मैग्लेव वाहन ने 1 किमी लंबे ट्रैक पर महज 5.3 सेकंड में 800 किमी/घंटा की गति पकड़ ली। यह तीसरी बार है जब…
चीन के हुबेई ईस्ट लेक लेबोरेटरी में एक प्रयोगात्मक मैग्लेव वाहन ने 1 किमी लंबे ट्रैक पर महज 5.3 सेकंड में 800 किमी/घंटा की गति पकड़ ली। यह तीसरी बार है जब इस सुविधा ने अपना ही रिकॉर्ड तोड़ा है। 1.1 टन वजनी यह वाहन यात्रियों के लिए नहीं बल्कि रॉकेटरी, एयरोस्पेस और अन्य उच्च गति प्रणालियों की तकनीकों के परीक्षण के लिए डिजाइन किया गया है। सिस्टम स्थायी चुंबकों और विद्युत चुंबकों के संयोजन पर काम करता है, जिससे घर्षण कम होता है। इससे पहले 14 जुलाई को इसी प्लेटफॉर्म ने 700 किमी/घंटा की रफ्तार हासिल की थी।


चीन की इस प्रयोगात्मक मैग्लेव सफलता को लेकर अक्सर 'तकनीकी दबदबे' का नैरेटिव गढ़ा जाता है, लेकिन यह परीक्षण यात्री ट्रेनों के लिए नहीं है। यह एक 1.1 टन के वाहन को रॉकेटरी और एयरोस्पेस अनुसंधान के लिए दौड़ाना है, न कि कोई व्यावसायिक परिवहन प्रणाली। सवाल यह है: क्या यह तकनीक कभी आम यात्रियों तक पहुंचेगी या सिर्फ सैन्य-अंतरिक्ष परियोजनाओं तक सीमित रहेगी?
Source: aajtak.in
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