
आजतक के मुताबिक, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की प्रतिबंध समिति ने अगस्त 2026 में पेश रिपोर्ट में दिल्ली के लाल किला इलाके में नवंबर 2025 में हुए कार बम हमले के पीछे…
आजतक के मुताबिक, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की प्रतिबंध समिति ने अगस्त 2026 में पेश रिपोर्ट में दिल्ली के लाल किला इलाके में नवंबर 2025 में हुए कार बम हमले के पीछे अल-कायदा इन इंडियन सबकॉन्टिनेंट (AQIS) को जिम्मेदार बताया है। इस हमले में 11 लोग मारे गए थे।

रिपोर्ट में कहा गया है कि AQIS अब बड़े समूहों की जगह छोटे-छोटे सेल और बिखरे नेटवर्क से काम कर रहा है। इससे पहले फरवरी 2026 की UN रिपोर्ट में हमले को जैश-ए-मोहम्मद से जोड़ा गया था। भारत की जाँच एजेंसी NIA ने मई 2026 में 10 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी, जिनमें से एक ने हथियार बनाने के लिए चैटजीपीटी और यूट्यूब का इस्तेमाल किया था।

लाल किला हमले की जिम्मेदारी पहले जैश-ए-मोहम्मद, अब AQIS बताने वाली UN रिपोर्टों को देखकर भारतीय पाठक सवाल उठाएँगे कि क्या खुफिया एजेंसियों का आपसी समन्वय सही है? यह अंतर दिखाता है कि आतंकी नेटवर्क कितनी तेजी से बदल रहे हैं। असली परीक्षा तब होगी जब NIA की अदालती कार्यवाही में यह साबित होगा कि हमले के पीछे एक ही संगठन था या कोई बड़ा गठजोड़।
Source: aajtak.in
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