
शिरोमणि अकाली दल प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने शुक्रवार को दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात की। बादल ने कहा कि बातचीत पंजाब की कानून-व्यवस्था और सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार पर…
शिरोमणि अकाली दल प्रमुख सुखबीर सिंह बादल ने शुक्रवार को दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात की। बादल ने कहा कि बातचीत पंजाब की कानून-व्यवस्था और सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार पर हुई, लेकिन बैठक का आधिकारिक एजेंडा सार्वजनिक नहीं हुआ। इसके बाद 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा और अकाली दल के फिर साथ आने की अटकलें तेज हो गई हैं।
दोनों दलों की 25 साल पुरानी साझेदारी 2020 में कृषि कानूनों के विरोध के दौरान टूटी थी। 2022 के विधानसभा और 2024 के लोकसभा चुनाव दोनों ने अलग-अलग लड़े। भाजपा अब तक अकेले चुनाव लड़ने की तैयारी की बात कहती रही है, जबकि अकाली दल अपने पुराने जनाधार को वापस पाने की कोशिश कर रहा है। किसी भी दल ने गठबंधन की पुष्टि नहीं की है।
इस मुलाकात को पक्का गठबंधन बताना जल्दबाजी होगी। राजनीति में पुराने साथी लौट सकते हैं, लेकिन किसान आंदोलन की विरासत और दोनों दलों की मौजूदा ताकत को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। भाजपा को ग्रामीण पहुंच चाहिए और अकाली दल को संगठन तथा व्यापक समर्थन। असली संकेत सीटों के बंटवारे, साझा कार्यक्रम और किसान मुद्दों पर रुख से मिलेंगे।
Sources (2): aajtak.in, aajtak.in (2)
This story was synthesised by AI from the 2 sources linked above.
Updated: this story now draws on 2 sources.