अमेरिकी रिपोर्ट में चीन के टैरिफ चोरी नेटवर्क में भारत का नाम

The Great Transshipment Scam: US report names India in alleged China tariff-evasion network

A White House report has named India among more than 40 countries and trading jurisdictions at risk of helping Chinese goods bypass higher US tariffs. The report, The Great Transshipment Scam, places…

संक्षेप में खबर

व्हाइट हाउस की ‘द ग्रेट ट्रांसशिपमेंट स्कैम’ नामक रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि भारत उन 40 से अधिक देशों में शामिल है जो चीनी सामानों को अवैध रूप से अपने क्षेत्र से भेजकर अमेरिकी टैरिफ से बचने में चीन की मदद कर रहे हैं। पीटर नवारो के नेतृत्व में तैयार की गई इस रिपोर्ट के अनुसार 2025 में चीन से लगभग 67 अरब डॉलर का सामान भारत, मैक्सिको और वियतनाम के रास्ते अमेरिका भेजा गया, जिससे टैरिफ राजस्व को 28 अरब डॉलर का नुकसान हुआ।

इन आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत में मजबूत कानून और सीमा शुल्क प्रक्रियाएं मौजूद हैं और उल्लंघनों से कानून के अनुसार निपटा जाता है। रिपोर्ट में भारत के पुणे-गुजरात-चेन्नई उत्पादन क्षेत्र को चिह्नित किया गया है और विशेष रूप से पंप और कंप्रेसर को जोखिम वाली श्रेणी में रखा गया है। भारत के व्यापार अनुसंधान निकाय जीटीआरआई ने इन उत्पाद समूहों में भारत की पर्याप्त विनिर्माण क्षमता का उल्लेख करते हुए कहा कि अमेरिका को होने वाले निर्यात को महज चीनी सामान बताकर खारिज करना तर्कहीन है।

द इंडियन ओपिनियन

व्हाइट हाउस की रिपोर्ट भारत को चीनी सामानों के लिए पिछले दरवाजे के रूप में पेश करती है लेकिन आंकड़े एक अलग तस्वीर दिखाते हैं। भारत ने दुनिया भर में 1.61 अरब डॉलर के लिक्विड पंप निर्यात किए जबकि चीन से केवल 326 मिलियन डॉलर का आयात किया गया, जिससे यह स्पष्ट है कि यह ट्रांसशिपमेंट का केंद्र नहीं है। असली परीक्षा यह होगी कि क्या एआई उपकरणों से लैस अमेरिकी सीमा शुल्क विभाग वास्तविक उल्लंघन ढूंढ पाता है या केवल ऐसे व्यापार पैटर्न को गलत समझता है जो भारत की विनिर्माण क्षमताओं को दर्शाते हैं। क्या वाशिंगटन भारत को लेकर ट्रांसशिपमेंट के कोई ठोस सबूत पेश कर पाएगा?


स्रोत: thehindubusinessline.com

यह खबर ऊपर दिए गए स्रोत से एआई द्वारा संकलित की गई है।

Ask their opinion on this story
They have read this article, our coverage, and the web.
AI simulations of historical figures. Responses are generated from the historical record, not authentic statements.

0 Votes: 0 Upvotes, 0 Downvotes (0 Points)

Share your opinion

Loading Next Post...
Search Trending
Ask their opinion
Loading

Signing-in 3 seconds...

Signing-up 3 seconds...

All fields are required.