
Nearly one in five LinkedIn users have retroactively edited their past job titles or descriptions years after leaving those positions, NDTV Profit reports. Artificial intelligence skills have emerged as a top addition…
एनडीटीवी प्रॉफिट की रिपोर्ट के मुताबिक लगभग हर पांच में से एक लिंक्डइन यूजर ने अपनी पुरानी नौकरियों के पदनाम या विवरण में साल बीत जाने के बाद बदलाव किए हैं। ऐसे बदलाव करने वालों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कौशल को शामिल करना सबसे आम हो गया है। कुछ जानकारों द्वारा ‘लिंक्डइन टाइम ट्रैवल’ कही जा रही यह प्रवृत्ति दिखाती है कि पेशेवर किस तरह से बाद में हासिल किए गए कौशल को पुरानी प्रविष्टियों में जोड़ रहे हैं।
कुछ लोग इसे एक जीवित दस्तावेज को अपडेट करने का सामान्य प्रयास कहेंगे तो कुछ इसे रिज्यूमे को गलत तरीके से बढ़ा-चढ़ाकर पेश करना मानेंगे। सच इन दोनों के बीच कहीं है। एक नर्स जो बाद में हेल्थ ऐप बनाती है वह प्रोग्रामिंग कौशल को जोड़ सकती है जो जायज है। लेकिन एक सेल्स प्रतिनिधि जिसने कभी एआई का उपयोग नहीं किया और वह पुरानी भूमिका में इसे लिखता है तो यह गलत है। लिंक्डइन हर किसी के इरादे की जांच नहीं करेगा। असली परीक्षा यह है कि क्या नियोक्ता अब हर प्रविष्टि के लिए टाइमस्टैम्प मांगना शुरू करेंगे?
स्रोत (2): ndtvprofit.com, ndtvprofit.com (2)
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