
Chennai’s Integral Coach Factory has developed Freight Electric Multiple Unit trainsets for transporting white goods, General Manager Manish Agarwal said in his Independence Day address. The move expands ICF’s indigenous trainset work…
चेन्नई के इंटीग्रल कोच फैक्ट्री ने सफेद वस्तुओं के परिवहन के लिए फ्रेट इलेक्ट्रिक मल्टीपल यूनिट ट्रेनसेट विकसित किया है। महाप्रबंधक मनीष अग्रवाल ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अपने संबोधन में यह जानकारी दी। यह कदम आईसीएफ के स्वदेशी ट्रेनसेट कार्यों को यात्री सेवाओं से आगे बढ़ाकर माल ढुलाई क्षेत्र में ले जाता है।
आईसीएफ ने स्वदेशी 24-डिब्बे वाले वंदे भारत स्लीपर ट्रेनसेट के लिए उत्पादन डिजाइन तैयार कर लिए हैं और उत्पादन जल्द शुरू होने की उम्मीद है। इसके अमृत भारत संस्करण 3.0 में वातानुकूलित, सामान्य और स्लीपर कोच शामिल होंगे। फैक्ट्री ने मुंबई उपनगरीय सेवाओं के लिए 15-डिब्बे वाला ईएमयू रेक और स्वचालित स्लाइडिंग दरवाजों वाले गैर-एसी ईएमयू कोच भी पेश किए हैं। आईसीएफ ने 2025-26 में पिछले वर्ष की तुलना में 13 प्रतिशत अधिक यानी 3,405 कोच का रिकॉर्ड उत्पादन किया और अपना 80,000वां यात्री कोच तैयार किया।
यह दावा कि अकेले आईसीएफ के विस्तार से माल ढुलाई में क्रांति आएगी, अभी समय से पहले है, क्योंकि स्रोत में फ्रेट ईएमयू में रुचि का उल्लेख तो है, लेकिन परिचालन परिणामों, ऑर्डरों या डिलीवरी कार्यक्रम का कोई ब्योरा नहीं दिया गया। इससे अधिक मजबूत सबूत फैक्ट्री का उत्पादन रिकॉर्ड और उपनगरीय सुरक्षा सुविधाओं पर इसका काम है। असली परीक्षा यह होगी कि क्या माल वाहक कंपनियां इन ट्रेनसेट को अपनाती हैं और क्या ये सफेद वस्तुओं को प्रतिस्पर्धी लागत पर विश्वसनीय रूप से ले जा पाते हैं। परीक्षण रनों, अनुबंधों और पेलोड क्षमता का ब्योरा ही इस मामले को स्पष्ट करेगा।
स्रोत: thehindubusinessline.com
यह कहानी उपरोक्त स्रोत से AI द्वारा संश्लेषित की गई है।