
False claims that President Donald Trump was rushed to Walter Reed National Military Medical Center have gone viral online, both timesnownews.com and hindustantimes.com report. One Facebook post included an AI-generated video appearing…
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को वाल्टर रीड नेशनल मिलिट्री मेडिकल सेंटर ले जाने के दावे झूठे हैं। टाइम्स नाउ और हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, यह झूठी खबर सोशल मीडिया पर वायरल हो गई है। एक फेसबुक पोस्ट में एआई-जनित वीडियो दिखाया गया जिसमें दो बॉडीगार्ड 80 वर्षीय राष्ट्रपति को अस्पताल के पास ले जाते दिख रहे हैं। दोनों मीडिया संस्थानों ने पुष्टि की है कि अफवाह फैलने के दिन ट्रंप को अस्पताल में भर्ती कराने या वहां जाने का कोई सबूत नहीं है।

यह वायरल दावा ट्रंप के स्वास्थ्य पर नई जांच के बीच सामने आया है। मई में वाल्टर रीड में हुए मेडिकल मूल्यांकन में नेवी कैप्टन सीन बार्बाबेला ने उन्हें ‘उत्कृष्ट स्वास्थ्य’ और ‘पूरी तरह फिट’ घोषित किया था। व्हाइट हाउस की रिपोर्ट में पैरों में हल्की सूजन जैसी चिंताएं स्वीकार की गईं, जिसे क्रोनिक वेनस इनसफिशिएंसी और हाथों पर चोट के निशान को बार-बार हाथ मिलाने और एस्पिरिन के उपयोग से जोड़ा गया। लेकिन डॉ. जोनाथन रेनर जैसे कुछ बाहरी डॉक्टरों ने रिपोर्ट में विस्तार की कमी पर सवाल उठाए हैं।
टाइम्स नाउ ने यह भी बताया कि ट्रंप 17 अगस्त की ईरान संघर्ष विराम समय सीमा के करीब कैंप डेविड गए थे, लेकिन व्हाइट हाउस ने इस यात्रा को उनके स्वास्थ्य से नहीं जोड़ा है। हिंदुस्तान टाइम्स के अनुसार, वाल्टर रीड की झूठी अफवाह राष्ट्रपति की हालत पर पहले से चल रही ऑनलाइन अटकलों का हिस्सा है। फिलहाल अधिकारियों ने अस्पताल जाने के बारे में कोई नई जानकारी जारी नहीं की है।

स्रोत (2): timesnownews.com, hindustantimes.com
यह कहानी ऊपर दिए गए 2 स्रोतों से एआई द्वारा तैयार की गई है।
अपडेट: इस कहानी में अब 2 स्रोतों का उपयोग किया गया है।